फोर्बिडन राइस क्या होता है?

आपको कई ऐसे लोग मिल जाएंगे जिन्हें सफेद चावल खाना तो पसंद है, लेकिन स्वास्थ्य के प्रति सजगता के कारण वे सफेद चावल खाने से परहेज करते हैं। ऐसे लोग ब्लैक राइस का विकल्प चुन सकते हैं। दरअसल, कई अध्ययनों में इसके विभिन्न स्वास्थ्य फायदों के बारे में पता चला है।

ब्लैक राइस क्या है –

चावल कई किस्म के होते हैं और उन्हीं में से एक है ‘कालाचावल’। यह ऑरिजा सतिवा (Oryza sativa L.) चावल की प्रजाति का है और इसका सेवन इसके औषधीय गुणों और इसमें मौजूद पौष्टिक तत्वों के लिए किया जाता है। यह एक पौष्टिक खाद्य पदार्थ है, जिसका सेवन फंक्शनल फूड के तौर पर किया जाता है। इसका उत्पादन चीन, श्रीलंका और भारत जैसे कई देशों में होता है। इसके अलावा, इसमें प्रोटीन, विटामिन और आयरन जैसे अनेक पोषक मौजूद होते हैं, जो सेहत के लिए फायदेमंद साबित हो सकते है।

ब्लैक राइस के फायदे –

काले चावल स्वास्थ्य के लिए उपयोगी हो सकते हैं। यहां हम ब्लैक राइस के फायदे विस्तार से बता रहे हैं। वहीं, ध्यान रहे कि काले चावल का सेवन किसी बीमारी का इलाज नहीं है, बल्कि यह नीचे बताई गईं शारीरिक समस्याओं से बचाव और उनके लक्षणों को कुछ हद तक कम करने में मदद कर सकता है। अब नीचे पढ़ें काले चावल के फायदे :

  1. एंटीऑक्सीडेंट का स्त्रोत

एंटीऑक्सीडेंट मनुष्य के शरीर के लिए जरूरी है। यह शरीर को फ्री रेडिकल से बचाकर कई बीमारियों के जोखिम को कम कर सकता है। बता दें कि फ्री रेडिकल की वजह से कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती है, जिसमें , हृदय रोग, अल्ज़ाइमर (भूलने की समस्या) आदि शामिल हैं । ऐसे में एंटीऑक्सीडेंट युक्त खाद्य पदार्थ लाभकारी हो सकते हैं । इसमें काले चावल भी शामिल हैं, यह एंटीऑक्सीडेंट का अच्छा स्त्रोत हैं। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण ऊपर बताई गईं बीमारियों से बचाव के साथ-साथ याददाश्त को बेहतर बनाने और रोग प्रतिरोधक क्षमता में सुधार करने का काम कर सकते हैं

  1. कैंसर से बचाव के लिए काले चावल

ब्लैक राइस के फायदे की अगर बात करें, तो यह कैंसर जैसी घातक बीमारी से बचाव में कुछ हद तक मददगार साबित हो सकता है। दरअसल, इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण फ्री रेडिकल के प्रभाव को कम करने और शरीर को ऑक्सीडेटिव क्षति से बचाव कर कैंसर के जोखिम को कम करने में सहायक हो सकता है। वहीं, स्टडीज के अनुसार एंटीऑक्सीडेंट सप्लीमेंट कैंसर के जोखिम को कम कर सकते हैं। इसके अलावा, काले चावल में एंटी-कैंसर गुण भी मौजूद होते हैं, जिस कारण यह कैंसर के खतरे को कम कर सकता है । हालांकि, ध्यान रहे कि अगर किसी को कैंसर है, तो उसके लिए डॉक्टरी इलाज ही प्राथमिकता होनी चाहिए। यह कैंसर से बचाव कर सकता है, पर कैंसर का इलाज नहीं है।

  1. सूजन के लिए

काले चावल का सेवन सूजन की समस्या के लिए भी उपयोगी हो सकता है। दरअसल, इस विषय से जुड़े एक रिसर्च से इस बात की पुष्टि हुई है। शोधकर्ताओं ने पाया है कि काले चावल के छिलके में मौजूद एंटी-इन्फ्लेमेटरी (सूजन कम करने वाले) क्रॉनिक इन्फ्लेमेशन की समस्या से बचाव और राहत पहुंचाने का काम कर सकते हैं । इसके अलावा, एक शोध में काले चावल के एंटी-इन्फ्लेमेटरी गुण का पता चलता है । फिलहाल, इस विषय में अभी और शोध किए जाने की आवश्यकता है।

  1. वजन नियंत्रण के लिए

काले चावल का सेवन वजन संतुलित रखने के लिए भी उपयोगी हो सकता है। 40 ओवर वेट महिलाओं पर किए गए शोध से इस बात की पुष्टि हुई है। दरअसल, 20 से 35 साल की उम्र की चालीस महिलाओं को 2 समूहों में विभाजित किया गया था। 6 हफ्तों तक एक ग्रुप को सफेद चावल और दूसरे ग्रुप को ब्राउन या ब्लैक राइस का सेवन कराया गया। अध्ययन के अंत में यह बात सामने आई कि ब्राउन/ब्लैक राइस खाने वाली महिलाओं में वाइट राइस का सेवन करने वाली महिलाओं की तुलना में वजन के साथ फैट भी कम हुआ है। ऐसे में वजन बढ़ने की समस्या से राहत पाने के लिए ब्राउन राइस के अलावा, ब्लैक राइस भी अच्छा विकल्प हो सकता है। हालांकि, इसके साथ नियमित व्यायाम करना भी जरूरी है।

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