भारत में पैनेशिया बायोटेक और RDIF करेंगे ‘स्पूतनिक-वी वैक्सीन’ का उत्पादन

देश में वैक्सीनेशन को लेकर केंद्र सरकार की कोशिश है कि 18 साल से अधिक उम्र के लोगों का टीकाकरण हो जाए। बता दें कि पहले 45 साल से अधिक उम्र के लोगों का वैक्सीनेशन हो रहा था लेकिन बाद इसकी उम्र सीमा कम कर दी गई। फिलहाल वैक्सीन की कमी को लेकर आ रही खबरों के बीच अब अच्छी खबर सामने आई है। बता दें कि अभी तक देश में कोविशील्ड और कोवैक्सीन के ही टीके देशवासियों को लगाए जा रहे थे। ऐसे में रूस की कोरोना वैक्सीन स्पूतनिक-वी वैक्सीन (Sputnik V) की पहुंच भी लोगों तक होगी। गौरतलब है कि देश में स्पूतनिक-वी ने तीसरी अहम वैक्सीन के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है और इसे खासा प्रभावशाली भी बताया जा रहा है। बता दें कि इस वैक्सीन को लेकर अच्छी खबर यह है कि, भारत में स्पूतनिक-वी का उत्पादन पैनेशिया बायोटेक और आरडीआईएफ शुरू करेंगे। इसके तहत दोनों कंपनियां 10 करोड़ खुराक प्रति वर्ष तैयार करेंगी।

दरअसल इस वैक्सीन के उत्पादन के बाद से देश में वैक्सीनेशन अभियान में तेजी आएगी। वहीं अभी हाल ही में स्पूतनिक वी वैक्सीन ने देश में अपनी एक डोज की कीमत का ऐलान कर दिया था। बता दें कि भारत में स्पूतनिक V की कीमत 948 रुपये प्लस 5% जीएसटी होगी। इसका मलतब यह हुआ कि, 948 रुपये के अलावा इस पर 5% के साथ एक डोज 995.40 रुपये की पड़ेगी। इस कीमत के ऐलान के साथ ही अब आम लोगों के पास कोविशील्ड और कोवैक्सीन के अलावा तीसरा विकल्प भी मौजूद होगा।

मालूम हो कि इस कदम को वैक्सीनेशन की रफ्तार में कमी के बीच अहम माना रहा है। स्पूतनिक तीसरी ऐसी कोरोना वैक्‍सीन होगी, जो भारत में लोगों को लगेगी। 1 मई को ही स्‍पूतनिक वी वैक्‍सीन की पहली खेप भारत पहुंच चुकी है। अमेरिकी एक्सपर्ट डॉ एंटोनी फौसी ने इस वैक्सीन को लेकर कहा था कि उनकी समझ से यह वैक्सीन करीब 90 फीसद कारगर होगी।

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *