मदिरा पान के दौरान ” चखने ” की शुरुआत कैसी हुई? जानिए

अक्सर अधिकांश भारतीय या ग्रामीण क्षेत्रों में निवासरत व्यक्ति मंदिरा का सेवन करने के साथ साथ चखना जरूर करता है।।

अक्सर मैं जब भी अपने दोस्तों के साथ बर्थ डे पार्टी सेलिब्रेट करते थे तो वह व्हिस्की,रम वगैरह वगैरह लाते थे साथ में चखना भी लाते थे मैं भी मजाक मजाक में पूछ लेता था कि यह चखना जल्दी खत्म कर दे तो मेरे दोस्तों की प्रतिक्रिया आती थी कि मंदिरा ज्यादा पी ले लेकिन चखना बिल्कुल धीरे धीरे खाने का हैं।।

कॉलेज के वह दिन और वह पल वह दिन आज भी बहुत मिस करते हैं लेकिन सब यादों में रह जाता हैं।

दिन बदलते, साल बदलते हैं और दोस्त भी बदल जाते हैं।। स्थिर कोई नहीं रहता हैं।।

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