Poverty shows his gruesome face, mother son commits suicide due to crop failure

गरीबी ने दिखाया अपना वीभत्स चेहरा, फसल बर्बाद होने पर माँ बेटे ने की आत्महत्या

90 वर्ष की बेसहारा बुजुर्ग बुआ का कौन बनेगा सहारा? बिधूना तहसील के रुरूगंज पुलिस चौकी अंतर्गत गांव रूरू खुर्द में दिल दहलाने वाली घटना प्रकाश में आई है। ग्राम रूरू खुर्द निवासी स्वर्गीय रमेश चंद्र पांडे की 60 वर्षीय पत्नी किशोरी देवी एवं ३५ वर्षीय पुत्र अवध किशोर ने गरीबी के चलते विषाक्त पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली।

प्रतिदिन की तरह परिवार के दोनों सदस्यों में से किसी की भी दिनचर्या ना होने पर आज शाम लगभग 7:00 बजे मोहल्ले के लोगों ने घर के खुले दरवाजे से देखा कि दोनों ही मां और पुत्र अचेत अवस्था में घर के अंदर पड़े हुए थे। तब लोगों ने 112
नंबर पर पुलिस को सूचित किया। पुलिस के आने के उपरांत ज्ञात हुआ कि दोनों ही मां बेटा की मृत हो चुकी है

मोहल्ले के लोगों ने बताया इनके साथ इनकी विधवा हुआ जिनका नाम राम जाती है वह भी इन लोगों के साथ ही रहती हैं। मोहल्ला के निवासियों ने आगे जानकारी देते हुए बताया कि स्वर्गीय रमेश चंद्र पांडे देहाती इंटर कॉलेज नेवल गंज में चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी थे उनके निधन के उपरांत उनकी पेंशन से ही का घर का खर्चा चलता था।

पुत्र अवध किशोर अभी भी अविवाहित है और गांव वालों की खेती पेश की पर
करता था इस बार भी गांव वालों से खेती पेश की पर लेने के लिए लोगों से उधार रुपया लिया था किंतु कुदरत के कहर और लॉक डाउन के चलते सभी फसलें बर्बाद हो गई है जिसके चलते अवध किशोर को काफी नुकसान हो गया और वह कर्ज में डूब गया। इस दौरान उसको किसी भी प्रकार की सरकारी सहायता भी मुहैया नहीं हो पाई कुदरत की इस मार को मां बेटा बर्दाश्त न कर पाए और मौत के गले लगा लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published.