तमिलनाडु के लोग हिंदी से क्यों नफ़रत करते हैं ? जानिए

वो हिंदी से नफरत नहीं करते हैं

उन्हें हिंदी सीखने की ज़रूरत नहीं है, और वो हिंदी नहीं सीखना चाहते हैं

जैसे हमे तमिल सीखने की ज़रूरत नहीं है, तो कोई हमें ज़बरदस्ती तमिल सीखने बोलेगा तो हमे गुस्सा आएगा

तमिल भाषा हिंदी से अधिक पुरानी है और अरबी / फारसी से मिलकर उसका रूप भी नहीं बदला है

तमिल वैसे ही है जैसे संस्कृत है

Leave a Reply

Your email address will not be published.