पेन्सिल पर लिखे HB, H, 2H, 3H, B, 2B, आदि क्या अर्थ दर्शाते हैं?

हम बचपन से पेंसिल का उपयोग करते आ रहे हैं और कभी न कभी हमारी नजर, उस पर लिखे इन खास कोड्स पर चली ही जाती है जैसे कि HB, H, 2H, 2B वगैरह-वगैरह, तो आईये जानते हैं कि ये क्या मतलब रखते हैं।

दरअसल पेंसिल पर लिखे कोड उसमें लगे ग्रेफाइट की क्वालिटी बताते हैं यहां यह बताते चलें कि अक्षर H , हार्डनेस को इंगित करता है मतलब ग्रेफाइट जितना अधिक हार्ड होगा पेपर पर उतना ही कम लगेगा अर्थात पेंसिल हल्की चलेगी। अगर पेंसिल 2H वाली है तो H वाली पेंसिल से ज्यादा हल्की चलेगी। इसी प्रकार 3H, 4H, …9H तक की पेंसिल आती है।

ठीक इसी प्रकार B, ब्लेकनेस को बताता है अर्थात जितना ग्रेफाइट मुलायम होगा पेपर पर भी उतना अधिक गहरा लिखेगा, मतलब ज्यादा डार्क। B की जितनी डिग्री बढ़ती जाएगी पेंसिल उतनी ही ज्यादा गहरी काली होती जायेगी यह मानक B, 2B, 3B, …8B और 8B से 9xxB तक होते हैं।

सामान्य तौर पर हम HB पेंसिल का उपयोग करते हैं जो ना ज्यादा हल्की होती है और ना ही ज्यादा गहरी होती है। जो हमारी बचपन से साथी रही होती है 😊 और जिसने हमें लिखना सिखाया होता है।

दोस्तों एक नाम और है, चलते चलते उसे भी जान लेते हैं और ये है F जिसका मतलब होता है फाईन प्वाइंट, यह पेंसिल पर्याप्त हार्ड होती है जिस नोंक देर तक नुकीली रहती है। लेकिन सामान्य ड्रांइग के लिहाज़ से यह हल्की चलती है।

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *