तकिया लगाकर सोने से होते हैं कई नुक़सान क्लिक कर के जाने

इन्सान सारे दिन मेहनत करने के बाद जब आराम करने के लिए सोने जाता है तब तकिया का इस्तेमाल जरूर करता है। व्यक्ति अपनी जरूरत के हिसाब से तकिया व्यवहार करता है। कोई पतले तो कोई मोटे तकिए पर सोने का आदि होता है। व्यक्ति को अपने तकिए की ऐसी आदत पड़ जाती है कि अपने तकिए के बिना तो नींद भी नहीं आती।

लेकिन क्या आप जानते हैं तकिया लगाकर सोने से शरीर में कई दिक्कतें आ सकती है। क्योंकि तकिया हमारी आदत बन जाता है इस कारण इन दिक्कतों पर हमारा ध्यान ही नहीं जाता। आज हम आपको बताने की कोशिश करेंगे कि तकिए पर सोने से शरीर को क्या क्या नुक़सान होता है

1)मुहासे- तकिए को रोज धोया तो नहीं जा सकता इसी कारण इसके कवर में बैक्टेरिया घर करने लगते हैं। और जब हम एक लम्बे समय 6-8 घंटे के लिए तकिए पर सोते हैं तो ये बैक्टेरिया हमारे चेहरे पर मुहांसे ला देेेते है।

2)रक्त संचार- सारे दिन हम लोग या तो खड़े रहते हैं या बैैैठे रहते हैं। इस कारण हमारे सारे शरीर में रक्त का संचार ठीक से नहीं हो पाता है। सोते समय हमारा शरीर समान अवस्था में रहता है इस कारण हमारे सारे शरीर में रक्त का संचार होने लगता है।पर तकिया लगाकर सोने से सिर का हिस्सा उठा हुआ रहता है इस कारण सिर के हर हिस्से में रक्त संचार ठीक से नहीं हो पाता है। इस कारण दिमाग़ अपनी पूरी गति से काम नहीं कर पाता है। थोड़ा बहुत काम करते ही थक जाता है।हमे थकान महसूस होने लगती है।

3)पीठ दर्द- सोते समय हमारी रीढ़ की हड्डी सीधी होनी चाहिए।पर तकिया लगा लेने से रीढ़ की हड्डी सीधी नहीं रह पाती । और इस कारण जब हम सो के उठते हैं तब कन्धे या पीठ में दर्द होने लगता है।जो असहनीय हो जाता है। बहुत समय तो स्पोंडिलाइटिस की शिकायत हो जाती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.