कौन है महान, पंचतंत्र की मजेदार कहानियां

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कुछ वर्षों पहले की बात है एक खेत में तीन पेड़ हुआ करते थे थे एक पेड़ पपीते का था एक नीम का और एक आम का पेड़ था आम और नीम के पेड़ में हमेशा जगह चला करती थी कि उन दोनों पैरों में से कौन महान है रोज या बहस होती और थोड़ी देर बाद थम जाती थी और जिस खेत में यह तीनों पर थे उसका मालिक भी सिर्फ आम के पेड़ की ही देखभाल करता था नीम के पेड़ की तरह बिल्कुल भी ध्यान नहीं देता था जिस वजह से आम के पेड़ को बहुत घमंड आ गया था।

कि उसका मालिक भी सिर्फ उसी की देखभाल करता है नीम के पेड़ की देखभाल नहीं करता है आम के पेड़ों में बहस चल रही थी यह कौन महान है तो आम का पेड़ बोलता है कि मैं महान हूं क्योंकि मैं लोगों को मीठे फल खाने के लिए देता हूं जबकि नीम का पेड़ कड़वे फल देता है और इसी के विपरीत नीम के पेड़ का कहना था कि वह महान है आम का पेड़ मीठे फल देता है जबकि नींद लोगों की स्वास्थ्य अच्छा करता है उनके स्वस्थ रहने में मदद करता है उन दोनों ने पपीते के पेड़ से कहा कि आप ही बताएं।

हम दोनों में से कौन कौन है पपीते के कुछ देर सोचने के बाद उत्तर दिया की नींद का किया ही महान है क्योंकि सिर्फ मीठे फल देना ही महानता का गांव नहीं है बल्कि लोगों के स्वास्थ्य का ध्यान रखना महान होने का एक सर्वश्रेष्ठ गुण है इतना सुनते ही आम के पेड़ को गुस्सा आ गया और वह बोला कि तुम दोनों मिले हुए हैं महान तो मैं ही हूं अब यह बहस यहीं पर खत्म हो गई कुछ महीनों बाद बसंत ऋतु आई तो आप तो आम के पेड़ के पत्ते पतझड़ नहीं गिरने लगे अब आम का पेड़ हरा भरा नहीं रह गया था जब उस खेत के मालिक ने यह देखा तो उसमें नीम की फल जिसे हम नीम करोली भी बोलते हैं।

वह पीसकर आम के पेड़ की जड़ में डाल दिया जिससे कुछ ही दिनों में आम का पेड़ फिर से हरा भरा हो गया अब आम के पेड़ को बेहद ही लज्जा और शर्म आ रही थी अतः उसने नीम के पेड़ से माफी मांगी और उसने भी मान लिया कि नीम का पेड़ ही महान है अर्थात सिर्फ मीठे पर देना ही महान नेता को नहीं होता है बल्कि जो लोगों के स्वास्थ्य का खयाल रखें वह ही महान होता है और वह ही सर्वश्रेष्ठ होता है।

शिक्षा:

इस कहानी से क्या शिक्षा मिलती है की महानता का गुण केवल मीठे फल और अच्छे आचरण सही नहीं आता है बल्कि लोगों के साथ अच्छा व्यवहार भी करना चाहिए सुख दुख में काम आना चाहिए उनके स्वास्थ्य में जो काम आए वही महान कहलाने के लायक होता है।

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